Sunday, 26 July 2015

JANSAMPARK NEWS 11-6-15

जिला जनसंपर्क कार्यालय, बुरहानपुर म.प्र.

समाचार  

आज कृषि क्रांति रथ कहां-कहां पहंुचेगा 

बुरहानपुर/11 जून/ राज्य शासन किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग द्वारा जिले में आज 12 जून को कृषि क्रांति रथ बुरहानपुर और खकनार विकासखण्ड के निम्नांकित ग्रामों में पहुंचेगा। 
उपसंचालक श्री मनोहरसिंह देवके ने उक्त जानकारी दी। उन्होनें बताया कि आज बुरहानपुर विकाखण्ड के ग्राम झिरपांजरियां, परतकुंडिया एवं अम्बा में कृषि क्रांति रथ किसानों के बीच पहुंचेगा। इस दरम्यान प्रातः, दोपहर और सांध्यकालीन कृषक संगोष्ठी संपन्न होगी। उक्त ग्रामों में कृषि वैज्ञानिकों तथा तकनीकि अधिकारियों द्वारा उन्नत कृषि व नये उपकरणों तथा तकनीकि किसानों को अवगत कराई जायेगी। इस दौरान किसानों के खेतों से मिट्टी परीक्षण नमूने लिये जायेेगें। जिसकी उर्वरा शक्ति आंकलन करने मिट्टी को प्रयोगशाला भेजा जायेगा। जिससे किसान अपने खेत में भूमि की उर्वरा शक्ति बढ़ाने किन फसलों व खाद बीज का इस्तेमाल करें। कृषि वैज्ञानिक समुचित सलाह देगें। 
          इसी प्रकार खकनार विकासखण्ड क्षेत्रान्तर्गत ग्राम बिजोरी, मांजरोदकलां और कानापुर में कृषि रथ भ्रमण करेगा। जिसका रात्रि विश्राम कानापुर में होगा। उक्त विकासखण्डों के प्रत्येक ग्राम में कृषक संगोष्ठी आयोजित होगी। यह संगोष्ठी प्रातः दोपहर और सांयकाल में आयोजित की जावेगी। जिसमें किसानों को कृषि तकनीक व उद्यानिकी व पशुपालन व अन्य विभिन्न विभागों द्वारा जानकारी प्रदान की जाएगी। इस मौके पर कृषि मूलक योजनाओं व तकनीकि तथा सुविधाओं के बारे में कृषकों को जागरूक किया जावेगा। 
इस अवसर पर कृषकों को कृषि, उद्यानिकी, पशु, मत्स्य पालन, स्वास्थ्य, वन, विद्युत, उद्योग, श्रम, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, सहकारिता, बैंक, नाबार्ड, राजस्व, सामाजिक न्याय, महिला एवं बाल विकास, विपणन, कृषि उपज मंडी, बीज निगम, पीएचई, जलसंसाधन, ग्रामीण यांत्रिकी सेवा, दुग्ध संघ, आदिम जाति कल्याण, शिक्षा, पंचायत, वाणिज्य, रोजगार, आरसेटी, परिवहन, पर्यावरण, खाद्य नागरिक आपूर्ति, खादी ग्रामोद्योग, जन अभियान परिषद्, लोक सेवा गारंटी, रेशम आदि अन्य विभागों द्वारा विभागीय जानकारी ग्रामीणों को दी जाएगी। साथ ही कृषि विभाग द्वारा मिट्टी के नमूने लिये जायेगें। ग्रामीण कृषकों को मेढ़ पर लगाने खमैर के पौधें सशुल्क वितरित किये जायेगें। 
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क्रमांक/27/506/2015                                                          पवार/सचिन/कृषि 

समाचार 

मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजनान्तर्गत 22 जून तक आवेदन आमंत्रित  

बुरहानपुर/11 जून/ मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजनान्तर्गत पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक वर्ग के उद्यमियों को स्वयं का उद्योग/सेवा/व्यवसाय स्थापित करने हेतु बैंकों के माध्यम से ऋण उपलब्ध कराने हेतु आवेदन आमंत्रित किये गये है। यह आवेदन पत्र 22 जून 2015 प्रातः 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक कार्यदिवसों में जमा किये जावेगें। 

उक्त जानकारी पिछड़ा वर्ग तथा अल्पसंख्यक वर्ग कल्याण सहायक संचालक श्री के.एल.निगम ने दी। उन्होनें बताया कि उम्मीद््वार मध्य प्रदेश का मूल निवासी होना चाहिए। 5 वी कक्षा उतीर्ण हो। आयु 18 से 45 वर्ष के मध्य हो। किसी भी राष्ट्रीयकृत/सहकारी बैंक/वित्तीय संस्था का चूककर्ता/अशोधी डिफाल्टर नही हो। किसी भी शासकीय/उद्यमी स्वरोजगार योजनान्तर्गत सहायता प्राप्त व्यक्ति योजनान्तर्गत पात्र नही होगा। परियोजना लागत न्यूनतम 20 हजार से अधिकतम 10 लाख रूपये तक होगी। बैंक द्वारा स्वीकृत परियोजना लागत का 30 प्रतिशत (अधिकतम 2 लाख) शासन द्वारा मार्जिन मनी सहायता दी जायेगी। इच्छुक आवेदनकर्ता मीरा हॉस्टल अमरावती रोड़ स्थित कार्यालय के कक्ष क्रमांक 32 एवं 33 से आवेदन प्रारूप व विस्तृत जानकारी प्राप्त कर सकते है।  

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क्रमांक/28/507/2015                                                  पवार/सचिन/पि.वर्ग. 


समाचार 

जिले में अभी तक 7.7 मिली मीटर औसत वर्षा हुई

बुरहानपुर /11 जून/ जिले में जारी मौसम में अभी तक 7.7 मिली मीटर औसत वर्षा हुई है। जबकि गत वर्ष इसी अवधि तक 0.0 मिली मीटर औसत वर्षा दर्ज की गई थी। 

पिछले 24 घंटो के दरम्यान बुरहानपुर तहसील में 3.8 मि.मी. एवं नेपानगर में 9.0 मि.मी. तथा खकनार तहसील में 10.2 मी.मी. वर्षा मापी गई है। 

अधीक्षक भू-अभिलेख श्री एम.एल.पालीवाल ने बताया कि अभी तक सर्वाधिक वर्षा 10.2 मि.मी. खकनार और सबसे कम 3.8 मि.मी. बुरहानपुर में तथा 9 मि.मी. वर्षा नेपानगर तहसील में आकी गई है। 

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क्रमांक/29/508/2014                                                         पवार/सचिन/भू.अ.


समाचार

राष्ट्रीय बाल कल्याण पुरस्कार हेतु आवेदन आमंत्रित 

बुरहानपुर /11 जून/ भारत सरकार मंत्रालय महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा विभिन्न क्षेत्रो में विषेष जरूरतों वालों बच्चों के हितार्थ किये उत्कृृष्ट कार्य हेतु आवेदन पत्र आमंत्रित किये गये है। उक्त आवेदन पत्र 20 जून 2015 तक संयुक्त जिला कार्यालय भवन स्थित जिला महिला सषक्तिकरण कार्यालय में जमा होगें। 
उक्त जानकारी जिला महिला सशक्तिकरण अधिकारी श्री अब्दुल गफ्फार खान ने दी। उन्होनें बताया कि किसी वर्ष में किए गए सर्वोत्कृष्ट एवं निस्वार्थ कार्य के लिये प्रदेष में बाल कल्याण क्षेत्र में कार्यरत व्यक्तियों एवं संस्थाओं को अलग-अलग पुरस्कार दिए जायेगें। किसी व्यक्ति तथा संस्था को उसी वर्ष में पुरस्कार दिया जा रहा है। जिससें वह जूड़ा है। पुरस्कारों की घोषणा हर साल अंर्तराष्ट्रीय बाल दिवस 14 नवंबर को की जावेगी। किसी भी सुविधाजनक तिथि एवं समय पर नई दिल्ली में पुरस्कार दिये जाएंगे। आवेदक जिले का मूल निवासी होना चाहिये।  
संस्थाओं के चयन के मानदंड:- संस्थाऐं ऐसी होनी चाहिये। जो शासन द्वारा पूर्णतया वित्त-पोषित न हो। वे शासन से सहायता प्राप्त करने वाली संस्था या अन्य हो सकती है। संस्थाऐं कुछ साल से बाल कल्याण के क्षेत्र में उत्कृृष्ट कार्य करने वाली होनी चाहिये। साथ ही उनका अच्छे कार्य निष्पादन रिकार्ड होना चाहिये। संस्थाओं को भी पुरस्कार के लिऐ चयन के मानदंडों को पूरा करना होगा। चयन केवल निष्पादन की गुणवत्ता तथा संस्था द्वारा सेवित बच्चों की संख्या के आधार पर किया जाना है। 
व्यक्तियों के चयन हेतु मानदंड:- पुरस्कार के लिये चुने जाने वाले व्यक्तियों द्वारा कुछ वर्षो से बच्चों के हित के लिए काम किया गया हो। संस्थाओं के वेतनभोगी अधिकारी चयन के लिए पात्र नहीं होंगे। 
पुरस्कारांे का स्वरूप:- प्रत्येक व्यक्ति के लिये पुरस्कार के तहत एक लाख रूपये का नकद पुरस्कार/प्रषस्ति पत्र दिया जावेगा। इसी प्रकार प्रत्येक संस्था के लिये पुरस्कार के तहत तीन लाख रूपये नकद पुरस्कार/प्रषस्ति पत्र प्रदत्त किये जायेगें। 

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क्रमांक/30/509/2014                                           पवार/सचिन/म.सश.वि 


समाचार  

खरीफ फसलों में बीजोपचार कर बोनी करें-श्री सिंह 
बुरहानपुर/11 जून/ कृषि क्रांति रथ भ्रमण दौरान विकासखण्ड बुरहानपुर के ग्राम खातला में रात्रि कालीन कृषक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इस दौरान कृषि विज्ञान केन्द्र वैज्ञानिक डॉ भूपेन्द्रसिंह व्दारा किसानों को खरीफ फसलों में बीजों को उपचारीत करके बोने की सलाह दी गई। साथ ही मिट्टी परीक्षण कर सन्तुलित मात्रा में उर्वरक का उपयोग करने समझाईश दी। उन्होनें बताया कि जैविक खेती करने से मिट्टी की उर्वरा शक्ति नष्ट नहीं होगी। जिससे पैदावार भी अच्छी होगी। किसान धारवाड पद्धति से तुअर लगायें। इससे किसानों को अधिक फायदा होगा। 

पशु चिकित्सा विभाग के अधिकारीयों ने कृषि व उद्यानिकी के साथ-साथ पशुपालन को भी अपनाने की सलाह दी। मत्स्य पालन विभाग व्दारा किसानों को मस्त्य पालन हेतु जानकारी दी। इस मौके पर कृषि उप संचालक मनोहरसिंह देवके, कृषि विज्ञान केन्द्र डॉं अजीत सिंह, आत्मा परियोजना संचालक राजेश चतुर्वेदी एवं अन्य विभागो के अधिकारी/कर्मचारी उपस्थित थे। इस रात्रिकालीन संगोष्ठी में लगभग 190 से अधिक कृषकों ने भाग लिया। किसानों ने संगोष्ठी में विभिन्न विभागीय योजनाओं की जानकारी प्राप्त की। 
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क्रमांक/31/510/2014                                        पवार/सचिन/कृषि/फोटो


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